Wednesday, August 6, 2014

Namaz e Ishq नमाज़ ए ईश्‍क़

पांच वक्‍त की नमाजें दरअस्‍ल मेराज की यादगार है। नमाज में तौहीद भी है, रोजा भी है, जकात भी है, हज भी है और जिहाद भी है।...





Sufiyana Magazine

0 comments:

Post a Comment

Powered by Blogger.

SHAH-E-ROOMI